बर्नस्टीन ने अदाणी समूह से जुड़े प्रमुख घटनाक्रमों के दौरान कंपनी के प्रदर्शन का आकलन किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, चुनौतियों के बावजूद समूह की परिचालन क्षमता पर बड़ा असर नहीं पड़ा और विभिन्न क्षेत्रों में परियोजनाओं को आगे बढ़ाने की गति बनी रही।
ब्रोकरेज के आकलन में समूह की वित्तीय स्थिति में भी सुधार का उल्लेख किया गया है। शेयरों को गिरवी रखने की प्रवृत्ति लगभग समाप्त होने और कर्ज के स्तर में कमी को वित्तीय मजबूती के सकारात्मक संकेत के रूप में देखा गया है। इससे समूह की बैलेंस शीट को पहले की तुलना में बेहतर स्थिति मिलने की बात कही गई है।
अदाणी पोर्ट्स को लेकर बर्नस्टीन ने आउटपरफॉर्म रेटिंग कायम रखी है। ब्रोकरेज ने कंपनी का लक्ष्य मूल्य बढ़ाकर 1,973 रुपये प्रति शेयर कर दिया है, जो पहले 1,880 रुपये था। अंतरराष्ट्रीय बंदरगाह कारोबार में मजबूत वृद्धि को देखते हुए वित्त वर्ष 2026-27 के लिए कार्गो वॉल्यूम वृद्धि का अनुमान भी बढ़ाया गया है।
कंपनी के जुलाई कारोबार में 12 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज होने का उल्लेख किया गया है, जबकि पहले वृद्धि का अनुमान 10 प्रतिशत रखा गया था। इसके साथ ही अदाणी पोर्ट्स के लक्षित ईवी से ईबीआईटीडीए अनुपात को भी 16 गुना से बढ़ाकर 16.5 गुना किया गया है।
बर्नस्टीन के अनुसार, अदाणी पोर्ट्स की प्रमुख ताकतों में मूल्य निर्धारण क्षमता, लॉजिस्टिक्स कारोबार का विस्तार और प्रतिस्पर्धियों की तुलना में आकर्षक मूल्यांकन शामिल हैं। कंपनी द्वारा परिसंपत्तियों का अधिग्रहण कर उन्हें विकसित करने की क्षमता को भी सकारात्मक पहलू माना गया है।
अदाणी पावर पर भी ब्रोकरेज ने आउटपरफॉर्म रेटिंग बनाए रखी है। कंपनी के लिए लक्ष्य मूल्य 203.56 रुपये से बढ़ाकर 220 रुपये प्रति शेयर किया गया है। अनुमान के अनुसार आने वाले वर्षों में कंपनी का परिचालन लाभ मजबूत रह सकता है।
रिपोर्ट में वर्ष 2027 के लिए अदाणी पावर का ईबीआईटीडीए 2,41,272 मिलियन रुपये और वर्ष 2028 के लिए 3,02,594 मिलियन रुपये रहने का अनुमान जताया गया है। इससे कंपनी की भविष्य की परिचालन क्षमता को लेकर सकारात्मक धारणा का संकेत मिलता है।
हालांकि, अदाणी ग्रीन एनर्जी को लेकर बर्नस्टीन का रुख अलग है। ब्रोकरेज ने कंपनी पर अंडरपरफॉर्म रेटिंग बरकरार रखी है और लक्ष्य मूल्य 1,000 रुपये से घटाकर 980 रुपये प्रति शेयर कर दिया है।
ब्रोकरेज के अनुसार, अदाणी ग्रीन का मौजूदा मूल्यांकन अपेक्षाकृत ऊंचा है, जिससे निकट अवधि में शेयर में तेजी की संभावनाएं सीमित हो सकती हैं। कंपनी से जुड़े संशोधित अनुमानों में वित्त वर्ष 2027 के ईबीआईटीडीए अनुमान में 10 प्रतिशत की कमी का भी उल्लेख किया गया है।
कुल मिलाकर, बर्नस्टीन ने अदाणी समूह की वित्तीय और परिचालन स्थिति में सुधार को रेखांकित किया है। घटते कर्ज, बेहतर नकदी प्रवाह और बुनियादी ढांचा क्षेत्रों में समूह की व्यापक मौजूदगी को दीर्घकालिक विकास के लिए सकारात्मक माना गया है। हालांकि, समूह की सभी कंपनियों को लेकर ब्रोकरेज का नजरिया समान नहीं है और अदाणी ग्रीन एनर्जी पर उसने सावधानी बरतने की सलाह दी है।
