झांसी। बुंदेलखंड को स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। झांसी की गरौठा तहसील में 213 मेगावाट क्षमता का अत्याधुनिक सोलर पार्क स्थापित किया जाएगा। यह परियोजना वर्ष 2028 तक पूरी होने का लक्ष्य है। इसके लिए 601.06 एकड़ सरकारी भूमि 30 वर्ष की लीज पर उपलब्ध कराई जाएगी। शासन की मंजूरी मिलने के बाद अब यूपीनेडा (उत्तर प्रदेश नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विकास अभिकरण) के साथ लीज डीड पर हस्ताक्षर की प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
बुंदेलखंड क्षेत्र में सालभर पर्याप्त धूप रहने के कारण इसे सौर ऊर्जा उत्पादन के लिए बेहद अनुकूल माना जाता है। इसी संभावना को देखते हुए गरौठा क्षेत्र में पहले से ही 600 मेगावाट क्षमता की सौर परियोजना के लिए 263.77 एकड़ सरकारी और करीब 2,500 एकड़ निजी भूमि अधिग्रहित की जा चुकी है। अब इसी क्षेत्र में दूसरा सोलर पार्क विकसित करने को शासन से हरी झंडी मिल गई है।
नई परियोजना के लिए गरौठा तहसील के झिझिरिया, मलेहटा, अहरौरा, कुरैठा, बरमाईन और खरवाच गांवों की 601.06 एकड़ सरकारी भूमि लीज पर ली जा रही है। परियोजना के लिए भूमि उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी पारीछा तापीय विद्युत परियोजना को सौंपी गई है, जबकि सोलर पार्क की स्थापना एनटीपीसी द्वारा की जाएगी। पारीछा तापीय विद्युत परियोजना की ओर से यूपीनेडा के खाते में 602 रुपये वार्षिक लीज रेंट भी जमा कराया जा चुका है। अब केवल लीज डीड पर हस्ताक्षर की औपचारिकता शेष है।
बीडा और डिफेंस कॉरिडोर को मिलेगा ऊर्जा का सहारा
झांसी में विकसित हो रहे बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) और एरच स्थित डिफेंस कॉरिडोर की बिजली जरूरतों को पूरा करने में यह सोलर पार्क अहम भूमिका निभाएगा। बीडा परियोजना के लिए 33 गांवों में 62,599 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है, जबकि डिफेंस कॉरिडोर के पहले चरण में 1,076 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित की जा चुकी है। दूसरे चरण के लिए 728 हेक्टेयर भूमि खरीदने की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। ऐसे में 213 मेगावाट की यह सौर परियोजना भविष्य की औद्योगिक बिजली मांग को पूरा करने में महत्वपूर्ण साबित होगी।
परियोजना से होंगे कई लाभ
– प्रदेश के बिजली ग्रिड को अतिरिक्त स्वच्छ ऊर्जा मिलेगी।
– निर्माण कार्य के दौरान स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
– संचालन और रखरखाव के लिए तकनीकी एवं गैर-तकनीकी पदों पर रोजगार सृजित होंगे।
– बड़ी ऊर्जा परियोजना से क्षेत्र में औद्योगिक और ऊर्जा क्षेत्र के नए निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
अधिकारी ने क्या कहा?
पारीछा तापीय विद्युत परियोजना के अधीक्षण अभियंता वैभव कुमार त्रिपाठी के अनुसार, 213 मेगावाट क्षमता की सौर ऊर्जा परियोजना के लिए गरौठा तहसील के छह गांवों की 601.06 एकड़ सरकारी भूमि का लीज रेंट यूपीनेडा के खाते में जमा कर दिया गया है। अब लीज डीड पर हस्ताक्षर की प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है। इसके बाद निर्माण कार्य शुरू होगा और परियोजना को वर्ष 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
