मौसम केंद्र भोपाल के मुताबिक सिवनी और बालाघाट में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट है। अगले 24 घंटे में यहां 4 से 8 इंच तक बारिश होने की संभावना है। इसके अलावा दतिया, भिंड, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सागर, दमोह, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, नर्मदापुरम, रायसेन, विदिशा और अशोकनगर में भारी बारिश की चेतावनी है।
24 अगस्त तक जारी रह सकता है बारिश का दौर
मौसम विशेषज्ञ शैलेंद्र कुमार नायक के अनुसार, प्रदेश में इस समय तीन मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं। इनके प्रभाव से पूर्वी हिस्से के साथ उत्तर और मध्य मध्यप्रदेश में भी बारिश हो रही है। अगले तीन दिनों तक बारिश का दौर बना रहने की संभावना है।
उन्होंने बताया कि 24 अगस्त तक बारिश की गतिविधियां धीरे-धीरे मध्य और पश्चिमी मध्यप्रदेश की ओर बढ़ सकती हैं।
रीवा में सड़कों पर पानी, नदियों का बढ़ा जलस्तर
विंध्य क्षेत्र में लगातार बारिश से हालात बिगड़ गए हैं। शुक्रवार शाम से शुरू हुआ बारिश का दौर देर रात तक चलता रहा। रीवा शहर के कई निचले इलाकों में पानी भर गया। कई सड़कें जलमग्न होने से आवागमन प्रभावित हुआ है।
लगातार बारिश के कारण क्षेत्र की नदियों और बरसाती नालों का जलस्तर भी तेजी से बढ़ रहा है। मऊगंज, सतना और चित्रकूट में नदियां उफान पर हैं।
नागौद में एक दिन में 6.4 इंच बारिश
सतना जिले के नागौद में पिछले 24 घंटे में 6.4 इंच बारिश दर्ज की गई। यह इस मानसून सीजन में जिले में एक दिन में हुई सबसे ज्यादा बारिश है।
सतना में 1 जून से 21 अगस्त तक औसतन 32.2 इंच बारिश हो चुकी है, जो सामान्य से करीब 5 इंच अधिक है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए भी भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
नर्मदा-मंदाकिनी खतरे के निशान से ऊपर
पूर्वी मध्यप्रदेश में लगातार बारिश के कारण कई नदियां उफान पर हैं। नर्मदा और मंदाकिनी का जलस्तर खतरे के निशान के ऊपर पहुंच गया है। पन्ना में केन, मिढ़ासन, व्यारमा और पतने नदी में भी उफान है। तेंदुघाट बांध के पांच गेट खोलकर पानी छोड़ा गया है।
उमरिया में संजय गांधी ताप विद्युत केंद्र के जोहिला डैम के दो गेट एक-एक मीटर खोलकर पानी छोड़ा जा रहा है।
स्कूल बंद, कई गांवों का संपर्क टूटा
बारिश और बाढ़ की स्थिति को देखते हुए मैहर और डिंडौरी में शुक्रवार को स्कूल बंद रहे थे। डिंडौरी में आंगनवाड़ियों को भी बंद रखा गया। पन्ना में लगातार बारिश के चलते शुक्रवार और शनिवार को स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया।
सीधी के रामपुर नैकिन में भवरसेन पहाड़ की मिट्टी और पत्थर सड़क पर आ जाने से यातायात बाधित हुआ। इससे करीब 30 गांवों का मुख्यालय से संपर्क प्रभावित हुआ है।
मैहर में 7 फीट पानी में फंसा ट्रक, पुलिस ने बचाया
मैहर में गुरुवार देर रात मर्जुआ नाला पार करते समय एक ट्रक करीब 7 फीट गहरे पानी में फंस गया। सूचना मिलने पर मुकुंदपुर चौकी प्रभारी नागेश्वर मिश्रा मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों की मदद से रस्से के जरिए ट्रक ड्राइवर राकेश साहू और क्लीनर इंद्रकमल द्विवेदी को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
सतना में सेमरावल नदी का पानी पुल के ऊपर आने से सेमरिया रोड बंद है। वहीं कोठी क्षेत्र के पवैया विद्युत सब स्टेशन में बारिश का पानी भर गया। कोटर तहसील के अबेर गांव में अलहा तालाब की मेड़ टूटने से पानी बस्ती में घुस गया।
MP में अब तक 24 इंच बारिश, फिर भी 11% कमी
मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश में 1 जून से अब तक 609.2 मिमी यानी करीब 24 इंच बारिश हो चुकी है। इस अवधि में सामान्य बारिश 685.3 मिमी यानी करीब 27 इंच होनी चाहिए थी। इस तरह प्रदेश में अब तक करीब 3 इंच बारिश कम हुई है और ओवरऑल 11% बारिश की कमी है। पूर्वी मध्यप्रदेश में सामान्य से 10% और पश्चिमी हिस्से में 12% कम बारिश हुई है।
39 जिलों में सामान्य से कम बारिश
पूर्वी हिस्से के जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में सामान्य से 19% तक कम बारिश दर्ज की गई है। बालाघाट, छतरपुर, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, कटनी, मैहर, मंडला, मऊगंज, नरसिंहपुर, निवाड़ी, पांढुर्णा, पन्ना, रीवा, सागर, सिवनी और टीकमगढ़ में 5% से 60% तक कम बारिश हुई है।
पश्चिमी मध्यप्रदेश के आगर-मालवा, आलीराजपुर, अशोकनगर, बैतूल, दतिया, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, मुरैना, मंदसौर, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, श्योपुर, शिवपुरी, उज्जैन और विदिशा में सामान्य से 1% से 37% तक कम बारिश हुई है।
इन 16 जिलों में सामान्य से ज्यादा पानी
अनूपपुर, डिंडौरी, सतना, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, उमरिया, बड़वानी, भिंड, भोपाल, बुरहानपुर, गुना, ग्वालियर, खंडवा, खरगोन और राजगढ़ में अब तक सामान्य से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है।
