नई दिल्ली ।संसद के मॉनसून सत्र में बुधवार को नीट के मुद्दे पर सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध खत्म करने की कोशिश हुई, लेकिन सदन में जारी हंगामे के कारण लोकसभा की कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी। संसदीय कार्यमंत्री किरेन रिजिजू ने विपक्ष से अपनी सीटों पर लौटने और शांतिपूर्वक चर्चा में शामिल होने की अपील करते हुए कहा कि सरकार नीट के मुद्दे पर बहस के लिए तैयार है।
रिजिजू ने सदन में कहा कि सरकार चर्चा से पीछे नहीं हट रही है और गृहमंत्री अमित शाह विपक्ष के सवालों का जवाब देने के लिए तैयार हैं। उन्होंने विपक्षी सांसदों से सदन के वेल से हटने का आग्रह किया और कहा कि यदि सदस्य अपनी सीटों पर लौट आते हैं तो चर्चा तत्काल शुरू की जा सकती है।
संसदीय कार्यमंत्री ने कहा कि मॉनसून सत्र के अब केवल दो दिन शेष हैं और इन दिनों का उपयोग संसदीय कामकाज के लिए किया जाना चाहिए। उन्होंने विपक्ष के विरोध के तरीके पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अनुशासन के साथ सदन में मुद्दे उठाए जाने चाहिए। सरकार की ओर से चर्चा की तैयारी होने के बावजूद हंगामा जारी रहने से कार्यवाही प्रभावित हुई।
इस दौरान विपक्षी सांसदों ने सदन के वेल में पहुंचकर अपना विरोध दर्ज कराया। सांसदों की ओर से नीट सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा और सरकार से जवाब की मांग की जा रही थी। विरोध के कारण सदन का सामान्य कामकाज आगे नहीं बढ़ सका। सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला भी जारी रहा।
पीठासीन अधिकारी जगदंबिका पाल ने विपक्षी सांसदों से सदन का वेल खाली करने और अपनी सीटों पर लौटने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार चर्चा के लिए तैयार है और गृहमंत्री अमित शाह जवाब देने को तैयार हैं। ऐसे में विपक्ष को सदन की कार्यवाही सामान्य बनाने में सहयोग करना चाहिए।
जगदंबिका पाल ने यह भी कहा कि लगातार सदन बाधित करने से लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति आने वाली पीढ़ी को गलत संदेश जा सकता है। उन्होंने विपक्ष से आग्रह किया कि वह चर्चा में शामिल हो और संबंधित मुद्दों को सदन के भीतर उठाए, ताकि सरकार की ओर से उनका जवाब दिया जा सके।
सरकार की ओर से यह भी कहा गया कि महत्वपूर्ण मुद्दों पर बहस के लिए संसदीय प्रक्रिया का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। रिजिजू ने विपक्ष को भरोसा दिलाने की कोशिश की कि सरकार नीट के विषय पर चर्चा के लिए तैयार है और संबंधित सवालों पर जवाब देने की प्रक्रिया सदन में आगे बढ़ाई जा सकती है।
इस बीच भाजपा सांसद नितिन नबीन ने विपक्ष के लगातार व्यवधान पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा से बच रहा है और संसद की कार्यवाही रोक रहा है। उनके मुताबिक सरकार की ओर से चर्चा के लिए बार-बार प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन विपक्ष का विरोध जारी है।
हालांकि, सदन में हंगामा कम नहीं हुआ और अंततः लोकसभा की कार्यवाही स्थगित कर दी गई। अब सदन की अगली बैठक 13 अगस्त 2026 को सुबह 11 बजे होगी। मॉनसून सत्र के अंतिम दिनों में नीट के मुद्दे पर चर्चा और सरकार के जवाब को लेकर दोनों पक्षों के रुख पर नजर रहेगी। गतिरोध समाप्त करने के लिए सदन में संवाद और चर्चा की प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी।
