भारत और श्रीलंका के बीच अब तक कुल 46 टेस्ट मुकाबले खेले जा चुके हैं। इनमें भारतीय टीम ने 22 मैचों में जीत दर्ज की है जबकि श्रीलंका केवल 7 मुकाबले जीत सका है। दोनों टीमों के बीच 17 टेस्ट ड्रॉ रहे हैं। आंकड़े साफ बताते हैं कि लंबे समय से इस प्रतिद्वंद्विता में भारत का पलड़ा भारी रहा है। खास बात यह है कि वर्ष 2015 के बाद से श्रीलंका भारत के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में जीत हासिल नहीं कर पाया है। पिछले 10 टेस्ट मुकाबलों में टीम इंडिया ने हार का स्वाद नहीं चखा और यही रिकॉर्ड उसे इस बार भी मनोवैज्ञानिक बढ़त देता है।
हालांकि सीरीज शुरू होने से पहले भारतीय टीम को बड़ा झटका भी लगा है। स्टार तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह पूरी तरह फिट नहीं हो सके और चोट के कारण इस सीरीज से बाहर हो गए हैं। बुमराह की गैरमौजूदगी भारतीय तेज आक्रमण के लिए चुनौती जरूर है लेकिन टीम प्रबंधन ने उनकी जगह जम्मू कश्मीर के युवा तेज गेंदबाज आकिब नबी को मौका दिया है। आकिब घरेलू क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं और जम्मू कश्मीर से भारतीय टेस्ट टीम में जगह बनाने वाले पहले खिलाड़ी बनकर इतिहास भी रच चुके हैं। अब सभी की नजर उनके प्रदर्शन पर रहेगी।
टीम इंडिया के लिए एक राहत की खबर साई सुदर्शन की फिटनेस को लेकर भी सामने आई है। शुरुआती आशंकाओं के बावजूद उम्मीद जताई जा रही है कि वह पहले टेस्ट से पहले पूरी तरह फिट होकर टीम से जुड़ जाएंगे। यदि ऐसा होता है तो भारत की बल्लेबाजी और भी मजबूत नजर आएगी। शुभमन गिल के नेतृत्व में युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का संतुलन टीम को मजबूत बनाता है।
सीरीज का पहला मुकाबला 15 अगस्त से गाले इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा। गाले की पिच पर स्पिन गेंदबाजों की भूमिका बेहद अहम रहती है इसलिए रवींद्र जडेजा कुलदीप यादव और मानव सुथार जैसे स्पिनरों पर बड़ी जिम्मेदारी होगी। दूसरा टेस्ट 23 अगस्त से कोलंबो के सिंहली स्पोर्ट्स क्लब मैदान पर खेला जाएगा जहां भारत सीरीज जीतने के इरादे से उतरेगा।
भारतीय टीम के स्क्वॉड में शुभमन गिल कप्तान जबकि केएल राहुल उपकप्तान की भूमिका निभाएंगे। यशस्वी जायसवाल ऋषभ पंत साई सुदर्शन ध्रुव जुरेल रवींद्र जडेजा कुलदीप यादव मोहम्मद सिराज प्रसिद्ध कृष्णा गुरनूर बरार देवदत्त पडिक्कल सारांश जैन मानव सुथार और आकिब नबी टीम का हिस्सा हैं। युवा खिलाड़ियों और अनुभवी सितारों से सजी यह टीम श्रीलंका में एक बार फिर अपनी श्रेष्ठता साबित करने के इरादे से मैदान में उतरेगी। क्रिकेट प्रेमियों की नजर अब इस बात पर होगी कि क्या भारत अपना 11 साल का अजेय रिकॉर्ड कायम रखते हुए एक और टेस्ट सीरीज अपने नाम कर पाएगा।
