बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में प्रेरणा कैफे कार्यशाला के तीसरे दिन विशेषज्ञों ने दिया उद्यमिता एवं खाद्य सेवा का प्रशिक्षण
झाँसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड होटल मैनेजमेंट (आईटीएचएम) में आयोजित छह दिवसीय ‘प्रेरणा कैफे’ कार्यशाला के तीसरे दिन स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं ने व्यवसाय प्रबंधन, लेखांकन, खाद्य सेवा और मॉकटेल बनाने के गुर सीखे। कार्यशाला का उद्देश्य महिलाओं को व्यावहारिक कौशल से दक्ष बनाकर स्वरोजगार एवं उद्यमिता के लिए तैयार करना है।

कार्यशाला में डॉ. आयुष सक्सेना ने मानव संसाधन प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। डॉ. नूपुर गौतम ने आहार एवं खाद्य सेवा के क्षेत्र में रोजगार की संभावनाओं से परिचित कराया, जबकि डॉ. ज्योति मिश्रा ने व्यवसाय प्रबंधन एवं लेखांकन की बारीकियां समझाईं।

व्यावहारिक प्रशिक्षण सत्र में डॉ. आस्था सिंह एवं शेफ अभिषेक जोशी के मार्गदर्शन में बीएचएमसीटी के विद्यार्थियों इमरान अहमद खान एवं अनुरुद्ध बरौनिया ने महिलाओं को विभिन्न प्रकार के मॉकटेल तैयार करने की विधियां सिखाईं। प्रतिभागियों ने खाद्य एवं पेय पदार्थ तैयार करने के व्यावसायिक तौर-तरीकों की जानकारी प्राप्त की।
इस अवसर पर आईक्यूएसी निदेशक प्रो. सुनील काबिया, डॉ. ममता सिंह, डॉ. प्रतिभा आर्या सहित विद्यार्थी वेदांत गुप्ता, अनुश्री एवं शुभ उपस्थित रहे। कार्यशाला के माध्यम से महिलाओं को आतिथ्य सत्कार, खाद्य एवं पेय सेवा तथा व्यवसाय संचालन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि वे अपने कौशल को आय के साधन में बदलकर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।
