नई दिल्ली। ललितपुर में जिले की 415 ग्राम पंचायतों के प्रधानों का कार्यकाल 26 मई को समाप्त हो रहा है। लेकिन कार्यकाल खत्म होने से ठीक पहले तक शासन स्तर से कोई स्पष्ट आदेश जारी न होने के कारण स्थिति असमंजस में बनी हुई है। ग्राम प्रधानों और प्रशासन दोनों के सामने भविष्य की व्यवस्था को लेकर अनिश्चितता है।
जिले के छह ब्लॉकों की सभी ग्राम पंचायतों में वर्तमान प्रधानों का कार्यकाल निर्धारित समय सीमा के अनुसार पूरा हो रहा है। इस बीच जिला प्रधान संघ ने कार्यकाल बढ़ाने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा था, लेकिन अब तक इस पर कोई निर्णय सामने नहीं आया है।
सूत्रों के अनुसार, संभावना जताई जा रही है कि शासन स्तर से ग्राम पंचायतों में प्रशासक नियुक्त करने संबंधी आदेश जारी हो सकते हैं। यदि ऐसा नहीं हुआ तो सोमवार रात 12 बजे के बाद सभी 415 ग्राम पंचायतों का कार्यकाल स्वतः समाप्त हो जाएगा।
प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष अनुपम चौबे ने भी आशंका जताई है कि जल्द ही प्रशासक नियुक्ति को लेकर आदेश आ सकता है। वहीं जिला पंचायत राज अधिकारी (डीपीआरओ) कुंवर सिंह ने बताया कि अभी तक शासन से कोई आदेश प्राप्त नहीं हुआ है, आदेश मिलते ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल ग्राम पंचायतों के भविष्य को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है और सभी की नजरें शासन के अगले निर्णय पर टिकी हुई हैं।
