इस आयोजन को मध्य प्रदेश के पर्यटन क्षेत्र के लिए इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि ट्रैवल मार्ट के दौरान प्रदेश में 1100 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्तावों और अनुबंधों को अंतिम रूप दिया जाएगा। पर्यटन क्षेत्र में होटल वेलनेस रिसॉर्ट लग्जरी टेंटेड कैंपिंग और इको टूरिज्म जैसी सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए 14 प्रमुख परियोजनाओं के लिए निजी निवेशकों को 252 करोड़ रुपये के लेटर ऑफ अवार्ड दिए जाएंगे। इसके साथ ही पर्यटकों की सड़क यात्रा को ज्यादा सुविधाजनक सुरक्षित और बेहतर बनाने के उद्देश्य से तीन प्रमुख पर्यटन राजमार्गों पर आधुनिक मार्ग सुविधा केंद्र विकसित करने की दिशा में भी कदम उठाया जाएगा।
इस पूरे आयोजन का सबसे बड़ा आकर्षण सीहोर जिले के रामगढ़ में प्रस्तावित 848.40 करोड़ रुपये का मेगा पर्यटन निवेश समझौता होगा। मध्य प्रदेश टूरिज्म बोर्ड और एआरएम फूड्स प्राइवेट लिमिटेड के बीच होने वाले इस समझौते के तहत अंतरराष्ट्रीय स्तर का गोल्फ कोर्स गोल्फ विला वेलनेस रिसॉर्ट लग्जरी होटल और उच्चस्तरीय आतिथ्य सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इस परियोजना से मालवा और विंध्य क्षेत्र को पर्यटन के वैश्विक नक्शे पर नई पहचान मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही करीब 920 प्रत्यक्ष रोजगार और बड़ी संख्या में अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है।
मध्य प्रदेश ट्रैवल मार्ट का यह सातवां संस्करण है और इसे राज्य के पर्यटन क्षेत्र का अब तक का सबसे बड़ा और रणनीतिक बी2बी नेटवर्किंग मंच बताया जा रहा है। आयोजन के जरिए विदेशी और घरेलू टूर ऑपरेटर्स को प्रदेश के पर्यटन स्थलों उत्पादों और अनुभवों से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। पर्यटन विभाग के अनुसार वर्ष 2025 में प्रदेश में पर्यटकों की संख्या में 57 प्रतिशत की ऐतिहासिक वृद्धि दर्ज हुई थी और कुल पर्यटक आंकड़ा 21.05 करोड़ तक पहुंच गया था। अब सरकार इस बढ़ती पर्यटक आवाजाही को वैश्विक निवेश आधुनिक अधोसंरचना और स्थानीय रोजगार के अवसरों में बदलने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
ट्रैवल मार्ट में मध्य प्रदेश की संस्कृति और खानपान की झलक भी विदेशी मेहमानों को देखने को मिलेगी। इसके लिए मां की रसोई नाम से विशेष लाइव फूड काउंटर तैयार किया गया है। यहां मेहमानों को कोदो मेथी भात ज्वार बाजरे की रोटियां दाल बाफला मट्ठे के आलू चक्की का साग भुने भाटे का भर्ता और सिलबट्टे की ताजा चटनी जैसे पारंपरिक व्यंजन परोसे जाएंगे। इस आयोजन के जरिए मध्य प्रदेश अपने पर्यटन स्थलों के साथ अपनी संस्कृति खानपान और आतिथ्य परंपरा को भी दुनिया के सामने पेश करेगा।
