मानसून की सक्रियता के बीच भोपाल और आसपास के इलाकों में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। कभी तेज बारिश तो कभी बादलों के बीच हल्की बौछारों का दौर देखने को मिल रहा है। अब 4 सितंबर को बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना है। ऐसे में सुबह से ही आसमान में बादल छाए रह सकते हैं और दिन के दौरान कई हिस्सों में तेज बारिश देखने को मिल सकती है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान में भारी बारिश के साथ स्थानीय स्तर पर गरज चमक की स्थिति बनने की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।
बारिश का असर शहर की सड़कों और निचले इलाकों में भी दिखाई दे सकता है। तेज बारिश होने की स्थिति में कुछ स्थानों पर पानी जमा होने से यातायात प्रभावित हो सकता है। सड़कों पर फिसलन बढ़ने के कारण दोपहिया वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होगी। बारिश के दौरान खुले स्थानों पर रहने वाले लोगों को भी मौसम के अचानक बदलने पर सुरक्षित स्थान का रुख करना चाहिए।
मध्य प्रदेश में इस समय मानसूनी गतिविधियां सक्रिय बनी हुई हैं। हालिया मौसम रिपोर्टों में प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने और अगले दिनों में पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना जताई गई थी। भोपाल भी इस मौसम प्रणाली के प्रभाव वाले इलाकों में शामिल है।
4 सितंबर के बाद भी भोपाल में मौसम पूरी तरह साफ होने के संकेत नहीं हैं। शहर के लिए उपलब्ध IMD पूर्वानुमान में 5 सितंबर को भी बारिश या गरज चमक की संभावना बताई गई है। इसके बाद 6 और 7 सितंबर को भी बादल और बारिश की गतिविधि बने रहने का अनुमान है। यानी राजधानी में मानसून की सक्रियता आने वाले दिनों में भी दिखाई दे सकती है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान को देखते हुए लोगों को बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और जरूरी होने पर ही सावधानी के साथ घर से निकलने की सलाह दी जा सकती है। वाहन चालकों को पानी भरी सड़कों पर धीमी गति से वाहन चलाना चाहिए और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान या पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। किसानों और ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों को भी स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखनी चाहिए।
कुल मिलाकर 4 सितंबर को भोपाल में बारिश का दिन रहने के आसार हैं। बादलों की मौजूदगी के साथ भारी बारिश मौसम को सुहाना जरूर बनाएगी लेकिन कई इलाकों में जलभराव और यातायात जैसी परेशानियां भी सामने आ सकती हैं। ऐसे में राजधानी के लोगों के लिए मौसम विभाग के ताजा अपडेट पर नजर रखना और बारिश के दौरान सावधानी बरतना सबसे जरूरी होगा।
