नई दिल्ली ।
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े एक वरिष्ठ कमांडर कारी सईद अब्दुल अजीज की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। बताया जा रहा है कि वह नमाज पढ़ने के लिए कुबा मस्जिद पहुंचा था, जहां मस्जिद के गेट के पास अचानक गिर पड़ा। उसकी मौत के वास्तविक कारण की आधिकारिक तौर पर स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।कारी सईद अब्दुल अजीज को लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख सदस्यों में शामिल बताया जाता था। उसके जिम्मे जम्मू-कश्मीर में मुठभेड़ के दौरान मारे गए आतंकवादियों के परिवारों की सहायता से जुड़ा काम था। संगठन के भीतर उसकी भूमिका को देखते हुए उसकी अचानक हुई मौत को महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
स्थानीय स्तर पर सामने आई जानकारी के मुताबिक, मस्जिद पहुंचने से पहले कारी सईद ने एक अनजान रेस्टोरेंट में खाना खाया था। इसके बाद वह नमाज के लिए कुबा मस्जिद गया। वहां पहुंचने के बाद वह अचानक गिर पड़ा और उसकी मौत हो गई। हालांकि, इस घटनाक्रम और उसकी मौत के बीच किसी सीधे संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।
कारी सईद की मौत ऐसे समय हुई है जब पाकिस्तान में लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े कई सदस्यों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत को लेकर चर्चा बनी हुई है। संगठन से जुड़े रिजवान हनीफ ने हाल में एक वीडियो में दावा किया था कि पिछले तीन से चार वर्षों के दौरान लश्कर के करीब 30 से अधिक सदस्य पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में मारे गए हैं।
रिजवान के अनुसार, पेशावर, कराची, रावलपिंडी, रावलाकोट और मुजफ्फराबाद जैसे इलाकों में संगठन के कई सदस्यों की हत्या हुई। उसने इन घटनाओं के पीछे अज्ञात लोगों के होने की बात कही थी। लश्कर से जुड़े किसी सदस्य की ओर से संगठन के इतने लोगों के मारे जाने की बात स्वीकार किए जाने को भी इस पूरे घटनाक्रम में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
पाकिस्तान में पिछले कुछ वर्षों के दौरान भारत विरोधी गतिविधियों से जुड़े कुछ आतंकवादियों की संदिग्ध मौत के मामलों में अज्ञात हमलावरों का जिक्र सामने आता रहा है। हालांकि, इन घटनाओं के पीछे कौन लोग हैं और उनके उद्देश्यों क्या हैं, इसे लेकर सार्वजनिक स्तर पर अलग-अलग दावे किए जाते रहे हैं। ऐसे मामलों में ठोस निष्कर्ष के लिए जांच और आधिकारिक पुष्टि जरूरी होती है।
लश्कर-ए-तैयबा को आतंकवादी गतिविधियों से जुड़े होने के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबंधों का सामना करना पड़ा है। संगठन लंबे समय से जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी गतिविधियों और भारत विरोधी हिंसा से जुड़ा रहा है। ऐसे में उसके किसी वरिष्ठ कमांडर की पाकिस्तान में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत सुरक्षा एजेंसियों और आतंकवादी नेटवर्क से जुड़े घटनाक्रम के लिहाज से भी ध्यान आकर्षित करती है।
फिलहाल कारी सईद अब्दुल अजीज की मौत की सटीक वजह स्पष्ट नहीं है। उसके द्वारा मौत से पहले किए गए संपर्कों, रेस्टोरेंट में खाने और मस्जिद पहुंचने के बीच की घटनाओं की जानकारी सामने आने के बाद ही मामले की परिस्थितियों को बेहतर तरीके से समझा जा सकेगा। साथ ही, संगठन के अन्य सदस्यों की संदिग्ध मौतों से इस घटना का कोई संबंध है या नहीं, यह भी जांच का विषय बना हुआ है।
