उज्मा के मुताबिक, इमरान ने उनसे कहा कि “मेरे साथ अन्याय हुआ है। मुझे बहुत बुरी तरह टॉर्चर किया जा रहा है।” उन्होंने यह भी बताया कि एक डॉक्टर ने इमरान से मुलाकात की और कहा कि लंबे समय से लोगों से संपर्क न होने के कारण उनकी तबीयत प्रभावित हो रही है।
10 महीने से टीवी और पढ़ने का सामान नहीं
उज्मा खान ने दावा किया कि इमरान खान के पास पिछले करीब 10 महीनों से पढ़ने के लिए कोई सामग्री या टीवी तक नहीं है। उनके मुताबिक, लंबे समय तक बाहरी दुनिया से संपर्क सीमित रहने का असर उनकी मानसिक और शारीरिक स्थिति पर पड़ रहा है।
उन्होंने इमरान की आंखों की समस्या को लेकर भी जानकारी दी। उज्मा के अनुसार, इमरान ने उन्हें आंख में बचे हेमरेज का हल्का निशान दिखाया। डॉक्टर ने उन्हें बताया कि इंजेक्शन से स्थिति में सुधार होगा और एहतियात के तौर पर आगे भी फॉलो-अप इंजेक्शन देने पड़ सकते हैं। उज्मा ने कहा कि इमरान की नजर में पहले की तुलना में सुधार हुआ है, लेकिन वह अभी पूरी तरह ठीक नहीं हुई है।
अस्पताल से जांच के बाद फिर जेल भेजे गए इमरान
21 अगस्त को इमरान खान को रावलपिंडी की अदियाला जेल से इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल अस्पताल ले जाया गया था। इसके बाद उनकी बहनों नोरिन नियाजी और उज्मा खान ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर उनकी स्थिति को लेकर जानकारी दी। रिपोर्टों के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद इमरान को गुरुवार देर रात अस्पताल ले जाया गया था। डॉक्टरों ने मेडिकल जांच के बाद उन्हें फिट बताया, जिसके बाद शुक्रवार सुबह करीब 5 बजे उन्हें दोबारा अदियाला जेल भेज दिया गया।
सरकार ने क्या कहा?
पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए बताया कि इमरान खान को 20 और 21 अगस्त की रात सुरक्षा व्यवस्था के बीच अस्पताल ले जाया गया था। वहां डॉक्टरों की टीम ने उनकी मेडिकल जांच की। इमरान खान अगस्त 2023 से अदियाला जेल में बंद हैं। उन्हें भ्रष्टाचार समेत कई मामलों में गिरफ्तार किया गया था। अब उनकी बहन के आरोपों के बाद जेल में उनकी स्थिति और स्वास्थ्य को लेकर पाकिस्तान में राजनीतिक विवाद फिर तेज होने के संकेत हैं।
