ट्रोल्स बनाम फैंस की बह
जैसे ही यह क्लिप वायरल हुई, सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई। कुछ यूजर्स ने गोविंदा का मजाक उड़ाने की कोशिश की, लेकिन उनके फैंस तुरंत समर्थन में उतर आए। फैंस ने साफ कहा कि उम्र के साथ शारीरिक बदलाव स्वाभाविक हैं और किसी भी कलाकार का मजाक उड़ाना गलत है। कई लोगों ने लिखा कि गोविंदा ने अपने करियर में जो योगदान दिया है, उसके लिए उन्हें सम्मान मिलना चाहिए।
“हम उनके बचपन के हीरो हैं” -फैंस का समर्थन
फैंस ने कमेंट्स में लिखा कि गोविंदा ने 80 और 90 के दशक में लाखों लोगों को एंटरटेन किया है। एक यूजर ने लिखा कि “अगर उम्र का असर दिख रहा है, तो इसमें हैरानी नहीं होनी चाहिए।”
कई लोगों ने यह भी कहा कि कलाकारों को उनकी उम्र और स्थिति के आधार पर नहीं बल्कि उनके योगदान के आधार पर देखा जाना चाहिए।
सुपरस्टार का सुनहरा दौर
गोविंदा 90 के दशक में हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के सबसे बड़े सितारों में गिने जाते थे। उनकी कॉमिक टाइमिंग, डांस और अभिनय के कारण वे दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय रहे। कई फिल्मों में उनकी मौजूदगी ही सफलता की गारंटी मानी जाती थी। अपने करियर के चरम पर उन्होंने एक साथ कई फिल्मों में काम किया, जिससे उनकी लोकप्रियता और भी बढ़ गई।
यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि सोशल मीडिया पर छोटी-सी क्लिप भी बड़ी बहस का कारण बन सकती है। हालांकि इस बार फैंस ने अपने पसंदीदा स्टार के समर्थन में मजबूती से खड़े होकर ट्रोलिंग का जवाब दिया।
