ताजा दरों के अनुसार, 22 कैरेट सोने की कीमत कई प्रमुख शहरों में 1,31,000 रुपये प्रति 10 ग्राम से नीचे आ गई है। वहीं, 24 कैरेट सोने का भाव भी 1,42,900 रुपये प्रति 10 ग्राम से कम दर्ज किया गया। बीते सप्ताह के दौरान भी सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट देखने को मिली थी। ऐसे में आभूषण खरीदने की योजना बना रहे ग्राहकों की नजर अब बाजार के ताजा भाव पर है।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 27 अक्टूबर को 24 कैरेट सोने की कीमत 1,42,870 रुपये प्रति 10 ग्राम रही। वहीं, 22 कैरेट सोने का भाव 1,30,964 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया। जयपुर और लखनऊ में भी दोनों श्रेणियों की कीमतें दिल्ली के समान रहीं।
मुंबई में 24 कैरेट सोने का भाव 1,42,720 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा, जबकि 22 कैरेट सोने की कीमत 1,30,814 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज की गई। कोलकाता और बेंगलुरु में भी सोने के भाव इसी स्तर पर रहे। इन शहरों में 24 कैरेट सोने की कीमत 1,42,720 रुपये और 22 कैरेट सोने की कीमत 1,30,814 रुपये प्रति 10 ग्राम रही।
अहमदाबाद में 24 कैरेट सोना 1,42,770 रुपये प्रति 10 ग्राम पर रहा। यहां 22 कैरेट सोने का भाव 1,30,864 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में भी कीमतें अहमदाबाद के समान रहीं। यहां 24 कैरेट सोने का भाव 1,42,770 रुपये और 22 कैरेट सोने की कीमत 1,30,864 रुपये प्रति 10 ग्राम रही।
चांदी की कीमतों में भी मंगलवार को उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। सोमवार की तुलना में इसका भाव करीब 3,260 रुपये प्रति किलोग्राम नीचे आया। इसके बाद अधिकांश प्रमुख शहरों में चांदी की कीमत लगभग 1,93,150 रुपये प्रति किलोग्राम बताई गई। सोने के साथ चांदी के दाम घटने से त्योहारों के दौरान इन धातुओं की खरीदारी पर विचार कर रहे ग्राहकों को ताजा कीमतों की जानकारी लेना जरूरी हो गया है।
करवाचौथ से पहले सोने और चांदी के भाव में आई कमी ऐसे समय हुई है, जब बाजार में त्योहारों के लिए खरीदारी की गतिविधियां जारी हैं। हालांकि, कीमतों में गिरावट को खरीदारी के लिए निश्चित रूप से बेहतर अवसर नहीं माना जा सकता, क्योंकि वास्तविक खर्च आभूषण के डिजाइन, वजन, शुद्धता, मेकिंग चार्ज और लागू करों पर भी निर्भर करता है।
खरीदारी करने से पहले ग्राहकों को अपने शहर के सर्राफा बाजार में उपलब्ध दरों की पुष्टि करनी चाहिए। अलग-अलग दुकानों पर मेकिंग चार्ज और अन्य लागतों में अंतर हो सकता है। इसके अलावा, सोने की शुद्धता और आभूषण पर हॉलमार्क की जांच करना भी जरूरी है। बाजार में कीमतों में होने वाले बदलाव के कारण खरीदारी के समय अंतिम बिल में दर्ज राशि घोषित दर से अलग हो सकती है।
