तकनीकी विशेषज्ञों के अनुसार यदि आपका लैपटॉप अच्छी स्थिति में है और आप अच्छी गुणवत्ता वाली USB केबल का इस्तेमाल कर रहे हैं तो लैपटॉप से फोन चार्ज करना सामान्य रूप से सुरक्षित माना जाता है। लैपटॉप का USB पोर्ट नियंत्रित मात्रा में बिजली की आपूर्ति करता है जिससे फोन सुरक्षित तरीके से चार्ज हो जाता है। हालांकि इसकी चार्जिंग स्पीड सामान्य मोबाइल चार्जर की तुलना में काफी कम हो सकती है क्योंकि अधिकांश USB पोर्ट सीमित पावर आउटपुट देते हैं।
आज के आधुनिक स्मार्टफोन में एडवांस चार्जिंग प्रोटेक्शन सिस्टम मौजूद होते हैं जो ओवरचार्जिंग अधिक करंट और वोल्टेज जैसी समस्याओं से डिवाइस को सुरक्षित रखते हैं। यही कारण है कि सामान्य परिस्थितियों में लैपटॉप से फोन चार्ज करने पर किसी तरह की बड़ी तकनीकी समस्या नहीं होती। फिर भी कुछ सावधानियां अपनाना बेहद जरूरी है।
सबसे बड़ा खतरा तब पैदा होता है जब लोग किसी अनजान व्यक्ति के लैपटॉप या सार्वजनिक कंप्यूटर से अपना फोन चार्ज करते हैं। USB कनेक्शन केवल बिजली ही नहीं बल्कि डेटा ट्रांसफर का भी माध्यम होता है। यदि फोन में गलती से फाइल ट्रांसफर या डेटा एक्सेस मोड सक्रिय हो जाए तो आपकी निजी जानकारी फोटो वीडियो दस्तावेज और अन्य संवेदनशील डेटा तक पहुंच बनाई जा सकती है। कुछ मामलों में मैलवेयर या वायरस का खतरा भी बढ़ जाता है जो फोन की सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है।
ऐसी स्थिति से बचने के लिए हमेशा भरोसेमंद लैपटॉप का ही उपयोग करें। यदि किसी दूसरे सिस्टम से फोन चार्ज करना जरूरी हो तो फोन में केवल चार्जिंग मोड का विकल्प चुनें ताकि डेटा ट्रांसफर पूरी तरह बंद रहे। इसके अलावा ओरिजिनल या प्रमाणित USB केबल का ही इस्तेमाल करें क्योंकि खराब गुणवत्ता वाली केबल न केवल चार्जिंग धीमी करती है बल्कि डिवाइस को भी नुकसान पहुंचा सकती है।
अगर आपको लगता है कि लैपटॉप से फोन बहुत धीरे चार्ज हो रहा है तो इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं। पुराने लैपटॉप में USB 2.0 पोर्ट कम बिजली उपलब्ध कराते हैं जबकि नए USB C Power Delivery वाले लैपटॉप अपेक्षाकृत तेज चार्जिंग की सुविधा देते हैं। खराब केबल बैकग्राउंड में चल रहे भारी ऐप्स और चार्जिंग के दौरान लगातार फोन का इस्तेमाल भी चार्जिंग स्पीड को प्रभावित करता है।
ध्यान रखने वाली एक और बात यह है कि लैपटॉप से फोन चार्ज करने पर लैपटॉप की बैटरी भी अपेक्षाकृत तेजी से खत्म होती है क्योंकि उसे अपने साथ फोन को भी बिजली उपलब्ध करानी पड़ती है। यदि लैपटॉप पहले से बैटरी पर चल रहा है तो यह प्रभाव और अधिक दिखाई देता है। इसलिए लंबे समय तक फोन चार्ज करना हो तो बेहतर होगा कि लैपटॉप को भी चार्जिंग पर लगाया जाए।
कुल मिलाकर लैपटॉप से फोन चार्ज करना सुरक्षित है लेकिन केवल तभी जब सही उपकरण भरोसेमंद सिस्टम और सुरक्षित चार्जिंग सेटिंग का इस्तेमाल किया जाए। थोड़ी सी सावधानी अपनाकर आप अपने स्मार्टफोन की सुरक्षा के साथ अपनी निजी जानकारी को भी सुरक्षित रख सकते हैं।
