घटना देर रात की बताई जा रही है, जब घर के अंदर अचानक तेज आवाजें सुनाई दीं। शुरुआत में ग्रामीणों को लगा कि यह कोई सामान्य पारिवारिक विवाद होगा, लेकिन कुछ ही देर में स्थिति गंभीर हो गई। घर के अंदर अफरा-तफरी मच गई और जब लोग मौके पर पहुंचे तो उन्होंने 80 वर्षीय बुजुर्ग को गंभीर रूप से घायल अवस्था में देखा। यह दृश्य इतना भयावह था कि वहां मौजूद हर व्यक्ति स्तब्ध रह गया। कुछ ही समय में पूरे गांव में इस घटना की खबर फैल गई और माहौल गम और गुस्से में बदल गया।
जानकारी के अनुसार, मृतक बुजुर्ग की पहचान बरखा राम के रूप में हुई है, जिनकी कथित तौर पर उनके ही पोते अंकित ने हत्या कर दी। बताया जा रहा है कि आरोपी अविवाहित है और लंबे समय से पारिवारिक तनाव का माहौल बना हुआ था। ग्रामीणों का कहना है कि घर में अक्सर झगड़े की स्थिति रहती थी और कई बार विवाद हिंसक रूप भी ले लेते थे। यह भी आरोप सामने आए हैं कि आरोपी नशे की हालत में भी दादा से विवाद करता था, जिससे घर का माहौल लगातार तनावपूर्ण बना रहता था।
बताया जा रहा है कि बुजुर्ग कुछ समय से अपनी बेटियों के पास रह रहे थे और करीब 15 दिन पहले ही गांव लौटे थे। घटना वाली रात किसी बात को लेकर दादा और पोते के बीच कहासुनी शुरू हुई, जो धीरे-धीरे गंभीर विवाद में बदल गई। इसी दौरान हमला हुआ, जिसमें बुजुर्ग को सिर पर गंभीर चोट लगी। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हमला किस वस्तु से किया गया, लेकिन चोटों की गंभीरता को देखते हुए स्थिति बेहद नाजुक मानी गई।
घटना के बाद पूरे गांव में मातम जैसा माहौल बन गया। हर कोई यही सवाल कर रहा है कि आखिर एक पोता अपने ही दादा के साथ इतना क्रूर व्यवहार कैसे कर सकता है। ग्रामीणों के बीच आक्रोश भी देखा जा रहा है और लोग इस घटना को रिश्तों पर एक गहरा धक्का बता रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है, जबकि मामले की गहन जांच जारी है।
पुलिस का कहना है कि घटना के पीछे के कारणों और परिस्थितियों की बारीकी से जांच की जा रही है ताकि सच्चाई सामने आ सके। वहीं यह दर्दनाक घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर कर रही है कि पारिवारिक रिश्तों में बढ़ता तनाव किस तरह कभी-कभी भयावह परिणामों में बदल सकता है।
