झांसी। तीन वर्ष पूर्व घर में घुसकर युवती से दुष्कर्म कर उसे शिकायत करने पर तेजाब से चेहरा जला देने की धमकी देने वाले आरोपी पर दोष सिद्ध होने पर गुरुवार को न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश न्यायलय कक्ष संख्या 2 अनुभव द्विवेदी की अदालत ने दस वर्ष की सजा और पच्चीस हजार रुपए अर्थदंड का आदेश सुनाया है।
अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे सहायक शासकीय अधिवक्ता देवेंद्र पांचाल ने जानकारी देते हुए बताया कि 7 अगस्त 2022 को एक महिला ने थाना शहर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि वह जब कॉलेज पढ़ने जाती थी, तो रास्ते में थाना रक्सा क्षेत्र के ग्राम सिमरा निवासी अखिलेश पाल उसे रोक कर छेड़खानी करता था। जिसकी शिकायत करने पर वह उसे लगातार धमकियां देता था। पीड़िता का आरोप है कि वह अपने घर पर अकेली थी तभी अखिलेश पाल मौका पाकर उसके घर में घुस आया और उसके साथ जबरन बलात्कार किया। शोर मचाने पर आरोपी ने उसके साथ मारपीट कर दी। साथ ही आरोपी ने उसे धमकियां दी कि यदि किसी से शिकायत की तो तेजाब से चेहरा जला दूंगा।
पीड़िता ने इस घटना की जानकारी अपने परिजनों को दी। जिस पर सभी लोग आरोपी के परिजनों को उलाहना देने गए तो परिजनों ने उनके साथ मारपीट कर भगा दिया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी को जेल भेज दिया था। आज न्यायालय में सुनवाई के दौरान आरोपी अखिलेश पाल पर दोष सिद्ध होने पर उसे दस वर्ष की जेल और पच्चीस हजार अर्थदंड का आदेश सुनाया है।
