परिजनों ने आरोप लगाया है कि आरोपी मोहित राव ने अंकित पर झूठा मोबाइल चोरी का आरोप लगाया और उसी बहस के दौरान पीछे से चाकू से हमला कर दिया, जिससे उसकी गर्दन की नस कट गई। गंभीर चोट के कारण अंकित 15 दिन तक अस्पताल में इलाज के बाद जिंदगी की जंग हार गया।
मृतक के भाई शक्ति जोशी ने बताया कि अंकित केवल सच जानने के लिए आरोपी के घर गया था। वहां आरोपी की बहन ने साफ किया कि मोबाइल उसके पास है और अंकित ने चोरी नहीं की। इसके बाद आरोपी की मां से बात करने के दौरान मोहित राव ने पीछे से हमला किया। शांति रखने की कोशिश के बावजूद चाकू लगभग ढाई इंच तक गर्दन में घुस गया, जिससे अंकित का शरीर सुन्न पड़ गया।
परिजन पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल उठा रहे हैं। उनका दावा है कि घटना के समय मौके पर पहुंची 112 डायल पुलिस ने आरोपी को उसके मामा से पैसे लेने के बाद छोड़ दिया। साथ ही एफआईआर में घटना का विवरण गलत लिखा गया और अंकित पर ही चोरी का आरोप दर्शाया गया।
अशोकागार्डन थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं।
