झांसी। किशोरी के अपहरण से जुड़े एक मामले में अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) मोहम्मद नेयाज अहमद अंसारी की अदालत ने दोषी को सात वर्ष के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
विशेष लोक अभियोजक विजय सिंह कुशवाहा के अनुसार पीड़िता के पिता ने 24 जून 2018 को थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि वह परिवार के साथ सो रहे थे, सुबह उठने पर उनकी करीब 16 वर्षीय नाबालिग पुत्री घर पर नहीं मिली। उन्हें संदेह था कि अलीगोल खिड़की निवासी शाहिद कुरैशी उसे बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर धारा 363 भादंसं के तहत मुकदमा दर्ज किया था।
न्यायालय में सुनवाई के दौरान अभियुक्त आसिफ नूर को धारा 363/120बी भादंसं के तहत दोषी करार दिया गया, जबकि दिलशाद खान को अपहरण, दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट की गंभीर धाराओं में दोषी ठहराया गया। हालांकि दिलशाद खान के न्यायालय में अनुपस्थित रहने पर उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करने के आदेश दिए गए। अदालत ने दोषी आसिफ नूर को सात वर्ष का कठोर कारावास एवं अर्थदंड की सजा सुनाई।
