अमेरिका में मैच खेलने से इनकार, बाकी टूर्नामेंट में हिस्सा तय
ईरान की पुरुष फुटबॉल टीम विश्व कप 2026 के लिए कुर्बानी करने वाली शुरुआती टीमों में शामिल है। टूर्नामेंट 11 जून से 19 जुलाई तक यूनाइटेड स्टेट्स, मैक्सिको और कनाडा में आयोजित होना है।
हालांकि, अमेरिका के साथ चल रहे तनाव के चलते ईरान ने अपने प्रस्तावित मैच वहां खेलने से मना कर दिया है। मेहदी ताज ने कहा, “हम विश्व कप का नहीं, बल्कि अमेरिका का बहिष्कार करेंगे।”
तुर्की में लगेगा ट्रेनिंग कैंप
टीम अपनी तैयारियों में कोई कमी नहीं छोड़ेगी। इसी के तहत ईरान की टीम तुर्की में ट्रेनिंग कैंप लगाएगी और वहां दो मैत्रीपूर्ण मुकाबले खेलेगी। इससे साफ है कि टीम टूर्नामेंट के लिए पूरी तरह गंभीर है, लेकिन राजनीतिक हालात के चलते अपने रुख पर कायम है।
पहले बहिष्कार की बात, अब बदला रुख
इससे पहले ईरान के खेल मंत्री अहमद दोन्यामाली ने विश्व कप में भाग न लेने की बात कही थी, जिससे खेल जगत में हलचल मच गई थी। लेकिन अब फेडरेशन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए टूर्नामेंट में खेलने की पुष्टि कर दी है।
FIFA के सामने चुनौती, क्या बदलेगा वेन्यू?
इस पूरे विवाद के बीच FIFA के सामने नई चुनौती खड़ी हो गई है। FIFA ने कहा है कि वह ईरान फुटबॉल फेडरेशन के संपर्क में है और चाहता है कि सभी टीमें तय शेड्यूल के अनुसार खेलें। वहीं क्लाउडिया शीनबाम ने भी कहा कि आखिरी फैसला FIFA के हाथ में है। अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या ईरान के मैच अमेरिका से शिफ्ट किए जाते हैं या नहीं।
तनाव के बीच लिया गया फैसला
ईरान ने यह कदम क्षेत्रीय तनाव और अमेरिका और इजरायल के साथ चल रहे कैंपेन के बीच उठाया है। ऐसे में यह मामला सिर्फ खेल तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय राजनीति से भी जुड़ गया है।
