दही और एलोवेरा से बना हेयर मास्क बालों की देखभाल के लिए एक विकल्प है। एलोवेरा त्वचा को ठंडक देने में मदद कर सकता है, जबकि दही बालों को कंडीशन करने में सहायक हो सकता है। इसे बनाने के लिए दो चम्मच सादे दही में एक चम्मच शुद्ध एलोवेरा जेल मिलाएं। तैयार मिश्रण को थोड़ी देर बालों और स्कैल्प पर लगाकर रखें। इसके बाद हल्के शैंपू से अच्छी तरह धो लें। अगर इस मिश्रण को लगाने के बाद खुजली या जलन बढ़ती है, तो इसे तुरंत धो देना चाहिए। दूसरा विकल्प मेथी और दही का हेयर पैक है। इसके लिए एक से दो चम्मच मेथी दानों को रातभर पानी में भिगो दें। सुबह दानों को पीसकर पेस्ट बना लें और उसमें थोड़ा दही मिलाएं। इस मिश्रण को कुछ देर बालों पर लगाकर रखें और फिर अच्छी तरह धो लें। यह पैक बालों को कंडीशन करने में मदद कर सकता है, लेकिन इसे डैंड्रफ का निश्चित उपचार नहीं माना जाना चाहिए।
तीसरा विकल्प शुद्ध एलोवेरा जेल का इस्तेमाल है। स्कैल्प में रूखापन या हल्की खुजली महसूस होने पर कुछ लोग इसे आजमा सकते हैं, लेकिन इसका असर हर व्यक्ति और हर तरह की रूसी में समान नहीं होता। इस्तेमाल से पहले थोड़ी मात्रा में जेल स्कैल्प के छोटे हिस्से पर लगाकर जांच करना जरूरी है। अगर कोई परेशानी नहीं होती, तो इसे थोड़ी देर लगाकर बाद में धो सकते हैं। खुशबू या अल्कोहल वाले जेल से संवेदनशील त्वचा में जलन हो सकती है, इसलिए उत्पाद का चुनाव सावधानी से करना चाहिए। चौथा विकल्प केला और नारियल तेल का हेयर मास्क है। यह खास तौर पर बालों के रूखेपन को कम करने और उन्हें मुलायम बनाने के लिए उपयोगी हो सकता है। इसे तैयार करने के लिए आधे पके केले को अच्छी तरह मैश करें और उसमें एक छोटा चम्मच नारियल तेल मिलाएं। इस मिश्रण को बालों की लंबाई पर लगाएं और लगभग 15 से 20 मिनट बाद शैंपू से धो लें। इसे डैंड्रफ खत्म करने का प्रमाणित तरीका नहीं समझना चाहिए।
पांचवां विकल्प अंडे और ऑलिव ऑयल से बना हेयर मास्क है। इस मिश्रण का इस्तेमाल बालों की लंबाई को मुलायम बनाने के लिए किया जाता है। इसे बनाने के लिए एक अंडे में एक चम्मच ऑलिव ऑयल मिलाकर मिश्रण तैयार करें। इसे बालों की लंबाई पर लगाएं और फिर ठंडे या हल्के गुनगुने पानी से अच्छी तरह धो लें। गर्म पानी का इस्तेमाल करने से अंडा बालों में जम सकता है और उसे निकालना मुश्किल हो सकता है। हालांकि, इस मास्क से डैंड्रफ खत्म होने के मजबूत वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं हैं। इसलिए इसे मुख्य रूप से बालों की कंडीशनिंग के लिए ही देखना चाहिए। किसी भी नए घरेलू मिश्रण को इस्तेमाल करने से पहले त्वचा के छोटे हिस्से पर जांच करना बेहतर है। नींबू का रस, एसेंशियल ऑयल या अन्य घरेलू सामग्री सीधे स्कैल्प पर लगाने से जलन हो सकती है।
डैंड्रफ बार-बार लौटता है, तो केवल घरेलू हेयर मास्क पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं हो सकता। ऐसे में स्कैल्प की स्थिति के अनुसार विशेष रूप से तैयार एंटी-डैंड्रफ शैंपू का इस्तेमाल अधिक उपयोगी हो सकता है। शैंपू चुनते समय उसके लेबल पर दिए निर्देशों का पालन करना चाहिए। अगर रूसी के साथ तेज खुजली, लालिमा, घाव या बाल झड़ने की समस्या हो, अथवा नियमित देखभाल के बावजूद डैंड्रफ ठीक न हो, तो त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए। घरेलू मास्क बालों को मुलायम बनाने और उनकी देखभाल में मदद कर सकते हैं, लेकिन लगातार बनी रहने वाली रूसी के लिए सही उपचार को प्राथमिकता देना जरूरी है।
