शादाब खान के मुताबिक 13 सितंबर की रात वे अपने भाइयों के साथ ढाबे पर खाना खाने के बाद कार से घर लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में उन्हें कुछ युवक थार से तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाते हुए नजर आए। उन्होंने युवकों को रैश ड्राइविंग नहीं करने की समझाइश दी। आरोप है कि उनकी यह बात युवकों को नागवार गुजरी और उन्होंने दाता कॉलोनी के पास आगे जाकर उनकी कार रोक ली।
वकील का कहना है कि थार सवार युवकों ने उनकी कार के आगे अपनी गाड़ी लगा दी जिसके बाद करीब 7 से 8 युवक कार को घेरकर खड़े हो गए। उन्होंने शादाब और उनके भाइयों के साथ कथित तौर पर अभद्रता शुरू कर दी। विवाद बढ़ने पर कुछ युवक बेसबॉल बैट लेकर भी पहुंचे। शादाब ने आरोप लगाया कि इस दौरान उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। इसी बीच दूसरे वाहन से पहुंचे एक व्यक्ति पर पिस्टल दिखाने का भी आरोप लगाया गया है।
घटना के दौरान शादाब खान ने अपने मोबाइल फोन से पूरे घटनाक्रम का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। विवाद के बाद वे कोहेफिजा थाने पहुंचे और पुलिस को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। हालांकि पुलिस के मुताबिक सामने आए वीडियो में किसी युवक के हाथ में पिस्टल स्पष्ट रूप से दिखाई नहीं दे रही है। ऐसे में पुलिस वीडियो फुटेज और दोनों पक्षों के आरोपों की जांच कर रही है।
घटना के कुछ समय बाद दूसरा पक्ष भी कोहेफिजा थाने पहुंचा। दूसरे पक्ष की ओर से भी शादाब खान और उनके साथियों के खिलाफ अभद्रता और धमकी देने के आरोप लगाए गए। इस तरह मामले में दोनों पक्षों की शिकायत पुलिस के सामने आई है।
पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायत प्राप्त कर ली है लेकिन फिलहाल किसी भी पक्ष की शिकायत पर एफआईआर दर्ज नहीं की गई है। पुलिस घटनास्थल से जुड़े वीडियो और दोनों पक्षों के बयानों की जांच कर रही है। जांच के बाद आरोपों की वास्तविकता सामने आने की उम्मीद है। फिलहाल इस घटना ने भोपाल में सड़क पर मामूली विवाद के बढ़कर गंभीर स्थिति तक पहुंचने को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। रैश ड्राइविंग को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते कार रोकने और धमकी देने तक पहुंच गया।
