नई दिल्ली ।गुरुवार को शेयर बाजार में कारोबार के दौरान बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज यानी बीएसई पर तकनीकी गड़बड़ी के कारण कुछ समय के लिए ट्रेडिंग गतिविधियां प्रभावित हुईं। एक्सचेंज के अनुसार, सुबह 9:42 बजे कैश सेगमेंट के एक हिस्से और उससे जुड़े शेयरों में तकनीकी समस्या सामने आई। हालांकि, अन्य सभी सेगमेंट और पार्टिशन सामान्य रूप से काम करते रहे। तकनीकी टीम ने समस्या का समाधान किया और सुबह 10:08 बजे से सामान्य परिचालन दोबारा शुरू कर दिया गया।
तकनीकी समस्या के सामने आने के बाद बाजार में सक्रिय कई ट्रेडर्स के बीच चिंता देखी गई। खासकर डेरिवेटिव कारोबार करने वाले यूजर्स ने कीमतों के अपडेट नहीं होने और ऑर्डर से जुड़ी दिक्कतों की शिकायत की। कुछ ट्रेडर्स के लिए बाजार में उपलब्ध कीमतों में बदलाव समय पर दिखाई नहीं देने से ट्रेडिंग निर्णय लेना मुश्किल हुआ।
इस दौरान जेरोधा के कई यूजर्स ने भी बीएसई पर एफएंडओ कॉन्ट्रैक्ट्स की कीमतें अपडेट नहीं होने की शिकायत की। इसके बाद जेरोधा ने अपने ग्राहकों को बताया कि बीएसई पर कुछ फ्यूचर्स एवं ऑप्शंस कॉन्ट्रैक्ट्स में कीमतों के अपडेट और ऑर्डर प्लेसमेंट से जुड़ी समस्याएं सामने आई हैं। कंपनी ने कहा कि समस्या को जल्द दूर करने के लिए वह एक्सचेंज के साथ लगातार संपर्क में है।
बाद में जेरोधा की ओर से जानकारी दी गई कि समस्या का समाधान कर लिया गया है और दोपहर 1:03 बजे तक स्थिति सामान्य हो गई। हालांकि, इसके बावजूद कुछ ट्रेडर्स ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि तकनीकी परेशानी बीच-बीच में दोबारा सामने आती रही।
कई यूजर्स ने शिकायत की कि कीमतें लंबे समय तक अपडेट नहीं हो रही थीं। कुछ ट्रेडर्स ने यह भी दावा किया कि उनके ऑर्डर समय पर न तो निष्पादित हो रहे थे और न ही रद्द हो पा रहे थे। कुछ निवेशकों ने सेंसेक्स कॉल ऑप्शंस की कीमतें स्थिर रहने और नए ऑर्डर प्लेस नहीं कर पाने की भी शिकायत की।
एक निवेशक ने कहा कि करीब 15 मिनट तक कीमतें अपडेट नहीं हो रही थीं और ऐसी स्थिति में संभावित नुकसान की जिम्मेदारी को लेकर चिंता है। एक अन्य यूजर ने दावा किया कि समस्या दोबारा सामने आने पर उसका ऑर्डर रद्द नहीं हो पाया। इस तरह कीमतों के अपडेट और ऑर्डर प्रबंधन से जुड़ी तकनीकी परेशानियों ने एफएंडओ ट्रेडर्स की चिंता बढ़ाई।
यह तकनीकी समस्या ऐसे समय सामने आई, जब सेंसेक्स का साप्ताहिक एफएंडओ एक्सपायरी सेशन था। एक्सपायरी वाले दिन बाजार में आमतौर पर ट्रेडिंग गतिविधियां और उतार-चढ़ाव अधिक देखने को मिलते हैं। ऐसे में कीमतों के अपडेट या ऑर्डर निष्पादन में तकनीकी बाधा ट्रेडर्स के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है।
एफएंडओ एक्सपायरी के दौरान बाजार में छोटे-छोटे उतार-चढ़ाव भी ट्रेडर्स की पोजीशन और संभावित मुनाफे को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए इस तरह के सत्र में ट्रेडिंग सिस्टम और कीमतों की जानकारी का समय पर उपलब्ध होना महत्वपूर्ण माना जाता है।
तकनीकी व्यवधान के बावजूद भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को कारोबार का रुख मिला-जुला रहा। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स हल्की कमजोरी के साथ खुला, जबकि निफ्टी मामूली बढ़त के साथ कारोबार करता दिखाई दिया।
बीएसई और जेरोधा की ओर से तकनीकी समस्या के समाधान की जानकारी दिए जाने के बाद परिचालन सामान्य हुआ। हालांकि, इस घटना से ट्रेडिंग सिस्टम की तकनीकी स्थिरता और भरोसेमंद इंफ्रास्ट्रक्चर की अहमियत फिर सामने आई है। खासकर ऐसे समय में जब खुदरा निवेशकों की बाजार में भागीदारी बढ़ रही है और एफएंडओ कारोबार में गतिविधियां लगातार महत्वपूर्ण बनी हुई हैं।
