मध्य प्रदेश की बात करें तो राज्य के कई जिलों में बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। मौसम विभाग पहले ही संकेत दे चुका है कि 17-18 जून के आसपास मानसून राज्य के दक्षिणी हिस्सों में प्रवेश कर सकता है। ऐसे में भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, नर्मदापुरम और आसपास के क्षेत्रों में मौसम का प्रभाव देखने को मिल सकता है।
राजधानी भोपाल सहित कई शहरों में दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है। कुछ क्षेत्रों में दोपहर या शाम के समय गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं। वहीं जहां बारिश नहीं होगी, वहां उमस लोगों को परेशान कर सकती है। प्री-मानसून गतिविधियों के कारण तापमान में मामूली गिरावट भी दर्ज की जा सकती है।
देश के अन्य हिस्सों में भी मौसम सक्रिय रहने की संभावना है। पूर्वी, उत्तर-पूर्वी और दक्षिण भारत के कई राज्यों में बारिश का दौर जारी रह सकता है, जबकि कुछ इलाकों में तेज हवाओं और आंधी की चेतावनी भी जारी की गई है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि लोगों को गरज-चमक के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। किसानों को भी मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है, ताकि खेती-बाड़ी के कार्यों की उचित योजना बनाई जा सके।
कुल मिलाकर 18 जून का दिन मध्य प्रदेश में बदलते मौसम का संकेत दे सकता है। कई क्षेत्रों में बारिश और तेज हवाओं से राहत मिलने की उम्मीद है, जबकि कुछ इलाकों में गर्मी और उमस का असर बना रह सकता है।
