कहा- बिहार व पश्चिम बंगाल का चुनाव इसका उदाहरण
2027 चुनाव को लेकर कार्यकर्ताओं पर जताया भरोसा
झांसी। दो दिवसीय प्रवास पर भाजपा संगठन के कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे भारतीय जनता पार्टी (भारतीय जनता पार्टी) के प्रदेश अध्यक्ष एवं वरिष्ठ नेता पंकज चौधरी ने विपक्षी गठबंधन “इंडी एलायंस” पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी गठबंधन लगातार नकारात्मक और भ्रामक नैरेटिव फैलाने का प्रयास कर रहा है, लेकिन जनता अब इन बातों को समझ चुकी है और समय आने पर इसका जवाब भी देती है। बिहार और पश्चिम बंगाल के नतीजों से यह साबित होता है कि जनता भ्रष्टाचार और परिवारवाद की राजनीति को स्वीकार नहीं कर रही है।इससे पहले प्रदेश अध्यक्ष ने पार्क पहुंचकर वीरांगना महारानी लक्ष्मीबाई व झलकारी बाई की प्रतिमाओं पर पुष्पांजलि अर्पित की। सुबह उन्होंने मप्र के दतिया पहुंचकर मां पीताम्बरा के दर्शन भी किए।
पंकज चौधरी ने हाल के चुनावी परिणामों का उल्लेख करते हुए दावा किया कि बिहार और पश्चिम बंगाल के नतीजों से यह साबित होता है कि जनता भ्रष्टाचार और परिवारवाद की राजनीति को स्वीकार नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि मतदाता अब विकास और स्थिरता की राजनीति के पक्ष में खड़े हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि “इंडी एलायंस” अब बिखराव की स्थिति में है और इसके अलग-अलग नेताओं के विरोधाभासी बयान इस बात को स्पष्ट करते हैं कि यह गठबंधन राजनीतिक रूप से कमजोर हो चुका है। उनके अनुसार, यह गठबंधन अब अपने मूल उद्देश्यों से भटक गया है और इसका राजनीतिक अस्तित्व भी प्रश्नों के घेरे में है।
उत्तर प्रदेश के आगामी 2027 विधानसभा चुनावों को लेकर उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश की जनता एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी को समर्थन देगी। उन्होंने कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता पूरे वर्ष जनता के बीच सक्रिय रहता है और केवल चुनाव के समय नहीं, बल्कि लगातार जनसेवा में लगा रहता है।
उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा संगठन पूरी तरह से चुनावी चुनौतियों के लिए तैयार है और हर कार्यकर्ता को जिम्मेदारी के साथ मैदान में उतारा जाएगा। उन्होंने विपक्ष के “पीडीए” (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) समीकरण पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि यह अब केवल राजनीतिक नारा बनकर रह गया है, जिसका जमीनी स्तर पर कोई मजबूत आधार नहीं दिखाई देता। अखिलेश यादव व उनके पिता द्वारा 4 बार सत्तासीन होकर भी किसी पर ध्यान नहीं दिया।
अंत में उन्होंने राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े मामलों का उल्लेख करते हुए कहा कि इनकी जांच ट्रस्ट स्वयं अपने स्तर पर कर रहा है और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
