नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले में एक शादी का खुशनुमा माहौल पलभर में दर्दनाक मातम में बदल गया, जब बेटी की डोली उठने से ठीक पहले पिता और चाचा की सड़क हादसे में मौत हो गई। यह दर्दनाक घटना उस समय हुई जब घर के दरवाजे पर बारात पहुंच चुकी थी और बैंड-बाजे की धुन पर नाच-गाना चल रहा था।
लखनऊ-जौनपुर हाईवे पर जायस मोड़ के पास यह हादसा उस वक्त हुआ जब द्वारपूजा की रस्म के लिए फल कम पड़ गए थे। परिवार की तैयारी में व्यस्तता के बीच पिता गौतम कुमार ने अपने रिश्ते के भाई आशाराम को साथ लेकर बाइक से बाजार जाने का फैसला किया। किसी को अंदाजा नहीं था कि यह छोटा सा काम उनकी जिंदगी का आखिरी सफर साबित होगा।
घर से करीब 500 मीटर दूर ही दोनों की बाइक सामने से आ रही दूसरी बाइक से जोरदार टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों कई फीट दूर जाकर गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें अस्पताल पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान दोनों की मौत हो गई।
इधर घर में बारात दरवाजे पर खड़ी थी और द्वारपूजा की तैयारी चल रही थी। परिवार के लोग पिता गौतम के लौटने का इंतजार कर रहे थे ताकि रस्में शुरू की जा सकें, लेकिन अचानक आई मौत की खबर ने पूरे घर को हिला दिया। जैसे ही यह सूचना पहुंची, घर में कोहराम मच गया।
सबसे दर्दनाक दृश्य तब देखने को मिला जब बेटी मनीषा अपने पिता की मौत की खबर सुनकर बेहोश हो गई। कुछ देर बाद जैसे-तैसे उसे होश में लाया गया और भारी दिल से शादी की रस्में पूरी की गईं। सिंदूरदान के दौरान दुल्हन लगातार रोती रही और पूरे माहौल में सन्नाटा छा गया।
हालात इतने भावुक हो गए कि बैंड-बाजा तक रोक दिया गया और शादी की रस्में बेहद सादगी के साथ पूरी कराई गईं। डोली उठी तो बेटी अपने आंसुओं को रोक नहीं पाई और दूल्हे के कंधे पर सिर रखकर रोती रही। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद हर व्यक्ति भावुक हो गया।
परिवार की आर्थिक स्थिति भी इस हादसे के बाद बेहद कठिन हो गई है। मृतक गौतम कुमार ड्राइवरी का काम करते थे और परिवार में पत्नी के साथ आठ बच्चे हैं, जिनमें सात बेटियां और एक बेटा शामिल है। अब परिवार के सामने जीवनयापन का बड़ा संकट खड़ा हो गया है।
गांव और आसपास के क्षेत्र में इस घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। लोग इसे एक ऐसी त्रासदी बता रहे हैं, जहां खुशी और दुख एक ही पल में टकरा गए।
पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। लेकिन इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं
