नई दिल्ली। झांसी में एक नवविवाहिता की संदिग्ध मौत के बाद बड़ा हंगामा खड़ा हो गया है। मामला इतना गंभीर हो गया कि अंतिम संस्कार के दौरान ही श्मशान घाट पर तनाव फैल गया और पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। इस पूरे मामले ने परिवार, समाज और प्रशासन तीनों को झकझोर दिया है।
जानकारी के अनुसार, निवाड़ी जिले के बहेरा गांव की रहने वाली मीनू की शादी इसी साल 5 फरवरी को झांसी के सीपरी बाजार क्षेत्र के केके पुरी निवासी हिमांशु गोस्वामी से हुई थी। शादी के कुछ महीनों बाद ही मीनू की अचानक तबीयत बिगड़ने की सूचना उसके ससुराल पक्ष की ओर से मायके वालों को दी गई। इसके बाद जब परिजन झांसी मेडिकल कॉलेज पहुंचे तो उन्होंने पाया कि मीनू की मौत हो चुकी है।
इस घटना के बाद स्थिति और गंभीर तब हो गई जब पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। परिजन शव लेकर अंतिम संस्कार के लिए नंदनपुरा श्मशान घाट पहुंचे, लेकिन यहीं पर पूरा घटनाक्रम अचानक बदल गया। जैसे ही मीनू के मायके पक्ष के लोग वहां पहुंचे, उन्होंने देखा कि अंतिम संस्कार की तैयारी ससुराल पक्ष द्वारा की जा रही है और मौके पर सिर्फ पति हिमांशु मौजूद था। इसी बात पर विवाद शुरू हो गया।
मायके पक्ष ने आरोप लगाया कि मीनू की प्राकृतिक मौत नहीं हुई है, बल्कि उसकी हत्या की गई है। उनका कहना है कि शादी के बाद से ही ससुराल में दहेज और पैसों को लेकर दबाव बनाया जा रहा था। परिवार का आरोप है कि मीनू पर जेवर और पैसों के लिए लगातार दबाव डाला जा रहा था, और इसी तनाव के कारण उसकी मौत हुई है।
मामला बढ़ने पर श्मशान घाट पर भारी भीड़ जुट गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया। पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन मायके पक्ष इस बात पर अड़ा रहा कि जब तक FIR दर्ज नहीं होती, अंतिम संस्कार नहीं होने दिया जाएगा।
स्थिति को देखते हुए पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तहरीर के आधार पर पति हिमांशु सहित पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया। इसमें पति के अलावा उसका भाई, भाभी, बहन और बहनोई शामिल बताए जा रहे हैं।
करीब एक घंटे तक चले हंगामे और बातचीत के बाद पुलिस ने जब लिखित FIR की कॉपी उपलब्ध कराई, तब जाकर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी हो सकी। लेकिन इसके तुरंत बाद पुलिस ने श्मशान घाट पर ही पति हिमांशु को गिरफ्तार कर लिया।
मृतका के पिता का आरोप है कि उनकी बेटी के शरीर पर चोट के निशान थे और यह साफ संकेत है कि उसके साथ मारपीट की गई। उन्होंने यह भी दावा किया कि ससुराल पक्ष ने फाइनेंस और कर्ज से जुड़े मामलों के चलते मीनू पर दबाव बनाया था और जब उसने विरोध किया तो उसकी हत्या कर दी गई।
इस पूरे मामले ने स्थानीय स्तर पर भी हलचल मचा दी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, मायके पक्ष न्याय की मांग पर अड़ा हुआ है और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहा है।
फिलहाल यह मामला संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से जुड़ा होने के कारण जांच के केंद्र में है, और पुलिस हर पहलू से इसकी गहन जांच कर रही है।
